कोल इंडिया सरप्लस आवास कमेटी की बैठक रही बेनतीजा
सरप्लस आवासों को लीज या रेंट पर देने के लिए प्रबंधन केंद्र से लेगा परामर्श
कोरबा। कोल इंडिया की सरप्लस आवास कमेटी बैठक दिल्ली में हुई। जिसमें कोयला कंपनियों में सरप्लस आवास और उनकी स्थिति को लेकर चर्चा हुई। इस बैठक में कोयला कंपनियों में सरप्लस आवासों को लीज या रेंट पर दिए जाने को लेकर कोई निर्णय नहीं लिया जा सका। कमेटी में शामिल प्रबंधन के अधिकारियों ने केंद्र के नियमों को हलावा देते हुए कोल इंडिया में सरप्लस आवासों को लीज पर देने फिल्हाल इंकार कर दिया है।
कोल इंडिया की सरप्लस आवास कमेटी की बैठक में प्रबंधन की ओर से सीसीएल और इसीएल के निदेशक वित्त और निदेशक एचआर बीसीसीएल और कार्यकारी निदेशक एलआर सीआईएल उपस्थित रहे। इसी तरह यूनियन प्रतिनिधियों की ओर से एचएमएस के शिवकुमार यादव, बीएमएस के राजीव रंजन सिंह, एटक के शत्रुघ्न महतो ओर सीटू के रंजीत मुखर्जी उपस्थित रहे। नई दिल्ली में कोल इंडिया की सरप्लस आवास कमेटी की तीसरी बैठक आयोजित हुई। बताया जा रहा है कि इस बैठक में प्रबंधन ने केंद्र सरकार के नियमों का हवाला देते हुए कोल इंडिया के आवासों को लीज पर देने से इनकार कर दिया। वहीं श्रमिक संगठनों के प्रतिनिधियों ने रांची के एचईसी, बोकारो स्टील में व्यवस्था का हवाला दिया। यूनियन प्रतिनिधियों की ओर से प्रबंधन से कहा कि आवास लीज पर देने में दिक्कत है तो रेंट पर दिया जा सकता है। इससे कंपनी को भी आर्थिक लाभ होगा। प्रबंधन की ओर से इस पर भी इनकार कर दिया गया। हालांकि प्रबंधन की ओर से कोल इंडिया में सरप्लस आवासों को लीज या रेंट देने के संबंध में दिशा निर्देश के लिए केंद्र सरकार से परामर्श लेने के लिए पत्र लिखने की बात कही है। वहीं यूनियन प्रतिनिधियों ने इस मुद्दे पर सीधे कोयला मंत्री से चर्चा करने की बात कही है।
कोल कंपनियों का निरीक्षण करने पर बनी सहमति
बैठक में सरप्लस आवास को लेकर उनकी वास्तविक स्थिति को जानने के लिए कंपनियों के निरीक्षण पर सहमति बनी है। इसके तहत टीम ने इसीएल, सीसीएल, एसईसीएल और डब्ल्यूसीएल का दौरा करने का निर्णय लिया है। निरीक्षण की शुरूआत सात अक्टूबर को इसीएल से होगा। आखिर में जहां निरीक्षण होगा वहीं कमेटी की अगली बैठक रखने का निर्णय लिया गया। नवंबर माह तक सभी कंपनियों का निरीक्षण हो जाएगा। सरप्लस आवास सदुपयोग कमेटी की यह तीसरी बैठक थी। इसके पूर्व मार्च 2024 और अगस्त 2025 में हुई थी। इसके बाद यह तीसरी बैठक थी।
